महाराष्ट्र: बीजेपी और शिवसेना में घमासान, अब मेयर पद को लेकर आमना-सामना

0

मुंबई। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे की फाइल तस्वीरमुंबईरू एशिया की सबसे अमीर महानगर पालिका मुंबई के लिए हुए चुनाव में बीजेपी ने शिवसेना की नाक में दम कर दिया. बीजेपी ने मुंबई में अबतक के सबसे बेहतरीन प्रदर्शन में सीटों के मामले में शिवसेना से लगभग बराबरी कर ली. अंतिम आंकड़ों में शिवसेना, बीजेपी से दो सीट ज्यादा पाकर ठडब् में सबसे बड़ी पार्टी बन गई है. 227 सीटों के सदन में शिवसेना को 84 सीटें मिली हैं, जबकि बीजेपी को 82. बीजेपी का यह प्रदर्शन पिछली बार के मुकाबले 50 सीट ज्यादा है. इतना ही नहीं बीजेपी ने सफलता का प्रतिशत शिवसेना के मुकाबले ज्यादा बनाए रखा. शिवसेना ने 227 सीटें लड़कर 84 सीटें जीती, जबकि बीजेपी ने 205 सीटों पर लड़कर 82 पर अपना परचम लहराया.
गुरुवार को रुझान में शिवसेना को मिली बढ़त दोपहर के बाद बुरी तरह फिसली. जबकि, बीजेपी ने अपनी गति को बरकरार रखते हुए अपना बेहतरीन प्रदर्शन किया. वैसे इस बात का असर दोनों पार्टियों के दफ्तर के बाहर बहुत साफ नजर आया. जीत की तरफ बढ़ता देख शिवसेना भवन के बाहर शिवसैनिकों ने जोरदार नारेबाजी की और पटाखे छोड़े. लेकिन, जैसे ही रुझान बदला शिवसेना भवन के बाहर की खुशियां नदारद थीं और मुंबई बीजेपी मुख्यालय के बाहर ढोल नगाड़े बज रहे थे.

शिवसेना नेता संजय राउत ने रुझान के आधार पर छक्ज्ट इंडिया से बात करते हुए बीजेपी को विपक्ष में बैठने की सलाह दी और कहा कि शिवसेना ही मुंबई की किंग है. मुंबई बीजेपी मुख्यालय में जीत के बाद प्रेस कांफ्रेंस करते हुए महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने दो टूक कहा कि, वे अपने आप को मुंबई का किंग नहीं, सेवक मानते हैं. उन्होंने आगे यह भी कहा कि, नतीजों से मिली जिम्मेदारी के काबिल बनने का वे प्रयास करेंगे.

नतीजों के दौरान घर पर बैठे हुए शिवसेना पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे ने मीडिया के सवालों का सामना करने के लिए देर शाम हिम्मत जुटाई. लेकिन, तब भी वे ये कहने से नहीं चूके की बीजेपी ने सत्ता, संपत्ति और साधन का इस्तेमाल कर जीत हासिल की है.

मुंबई बीजेपी अध्यक्ष आशीष शेलार की रणनीति के तहत लड़े गए ठडब् चुनाव के नतीजे आने के बाद अब पार्टी मुंबई का मेयर पद अपने पास लाने की तिकड़म में जुट गई है. शेलार का कहना है कि बीजेपी ने इसके लिए निर्दलीयों के साथ संपर्क स्थापित कर लिया है और अपने 82 पार्षदों के अलावा 3 निर्दलीयों का समर्थन उन्हें मिल चुका है. अगर यह सच माने तो बीजेपी और शिवसेना के पास निर्दलीयों के भरोसे एकसमान 85 पार्षदों का समर्थन आ चुका है. अगले महीने 8 मार्च से पहले ठडब् का मेयर चुना जाना है.

LEAVE A REPLY