खनन माफिया पर सख्त हुए डीएम सहदेव, महोबा में खनन के पांच पट्टे निरस्त

0
फाइल फोटो- महोबा डीएम सहदेव

@आशीष सागर-
महोबा। वर्षाकाल शुरू होते ही सभी बालू के घाटों से बालू खनन पर प्रतिबंध भले ही लगा दिया गया हो, लेकिन खनन माफिया पर इस पर कोई असर नहीं है। खुलेआम अवैध खनन का खेल जारी है। मशीनें धरती की कोख को छलनी करने में लगी हैं। सभी जिलों में अवैध खनन जोरों पर है, लेकिन इस बीच महोबा से एक थोड़ी राहत भरी खबर है। वहां के डीएम ने खनन माफिया पर सख्त कार्रवाई की है। यहां डीएम ने पांच स्वीकृत लीजों को निरस्त कर दिया साथ ही दस को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। इससे कम से कम महोबा जिले के खनन माफिया में तो हडक़म्प शुरू हो गया है।
गौरतलब है कि बुन्देलण्ड के तकरीबन सभी जिलों में अवैध खनन की शिकायतें लगातार आती रहीं हैं। महोबा जिले में भारी तादाद में बालू को डंप कर मशीनों से नियमों के विपरीत खनन कार्य किया जा रहा था। यहां अन्य घाटों पर भी गंभीर अनियमितता की शिकायत थी। इस पर महोबा के जिलाधिकारी सहदेव ने सख्त तेवर दिखाए तो हडक़म्प मच गया। अवैध खनन की लगातार मिल रही शिकायतों पर जिलाधिकारी ने टीम गठित कर स्वीकृत पट्टास्थलों पर हुए खनन की नाप के आदेश दिए थे। भौतिक सत्यापन के बाद टीम ने शनिवार देर शाम रिपोर्ट जिलाधिकारी को सौंप दी। रिपोर्ट मिलते ही जिलाधिकारी ने पांच निजी पट्टे निरस्त करने के साथ 10 को कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है।

इन पर हुई कार्रवाई –
आदेश के अनुसार जिलाधिकारी सहदेव ने टीम की जांच व सर्वे के आधार पर रायल्टी में अनियमितता पाए जाने पर नकरा का एक, बराना गांव के 4 निजी पट्टों सहित कुल 5 पट्टे निरस्त कर दिए। इन खनन पट्टो को काली सूची में डालते हुए रिकवरी कराए जाने की नोटिस भी जारी की है। इसके अलावा स्योंदी में 1, बराना के 2, लखनियां के 6 व पठा का 1 कुल 10 निजी पट्टों को निरस्त किए जाने के संबंध में कारण बताओ नोटिस जारी कर दिया है। उन्होंने खनन में भारी मशीनों के प्रयोग पर खनन नीति का उल्लंघन के कारण 50-50 हजार रुपये के जुर्माने का आदेश सभी पट्टाधारकों को दिया है। स्वीकृत खनिज मात्रा से अधिक खनन करने पर लगने वाली रायल्टी मयब्याज भू- राजस्व की भांति वसूली की नोटिस जारी की है। सभी पट्टाधारकों को परिवहन प्रपत्र ईएमएम-11 के प्रयोग पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। इससे निजी स्वीकृत पट्टे वैध न रह जाने के कारण जनपद में खनन पूरी तरह प्रतिबंधित हो गया है।

एसडीएम और पुलिस को दिए कार्रवाई के निर्देश-
आदेश का कड़ाई से पालन करने के लिए संबंधित एसडीएम, सीओ और थानाध्यक्ष को निर्देश देते हुए अवैध खनन व भारी मशीनों के प्रयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। जिलाधिकारी सहदेव ने कहा कि जनपद में अवैध खनन कतई स्वीकार नहीं किया जायेगा.

#बुंदेलखंड खबर

LEAVE A REPLY